Search News
Tip: Search by heading, content, category, city, state, highlights.
- Select Location
- ताज़ा खबर
- राष्ट्रीय (भारत)
- अंतरराष्ट्रीय
- राज्य व क्षेत्रीय
- राजनीति
- सरकार व प्रशासन
- नीति व नियम
- न्यायालय व न्यायपालिका
- कानून व्यवस्था
- अपराध
- साइबर अपराध व डिजिटल सुरक्षा
- सुरक्षा व आतंकवाद
- अर्थव्यवस्था (मैक्रो)
- व्यापार व कॉरपोरेट
- बैंकिंग व भुगतान
- स्टार्टअप व उद्यमिता
- टेक्नोलॉजी
- विज्ञान व अनुसंधान
- पर्यावरण
- मौसम
- स्वास्थ्य
- शिक्षा
- नौकरी व करियर
- कृषि
- ग्रामीण विकास
- परिवहन
- दुर्घटना व सुरक्षा
- खेल
- मनोरंजन
- धर्म व अध्यात्म
- समाज व सामाजिक मुद्दे
- लाइफस्टाइल
- यात्रा व पर्यटन
- जन सेवा व अलर्ट
- जांच व विशेष रिपोर्ट
- प्रतियोगी परीक्षाएँ
- खेल (अन्य)
Choose Location
Current:
India
Country: India
Selected State: None
राजनीतिक माहौल गरमाया देशभर
दिल्ली में गिरफ्तारी अदालत में पेश हुए कार्यकर्ता
एआई समिट विवाद पर भाजयुमो का देशव्यापी प्रदर्शन कांग्रेस पर देशविरोधी आरोप
21 Feb 2026, 01:18 PM
Delhi -
New Delhi
Reporter :
Mahesh Sharma
ADVERTISEMENT
Sponsored
Ad
Open
New Delhi राजधानी में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान हुए विवाद के बाद राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी की युवा इकाई भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) ने कांग्रेस और उसके छात्र संगठन के खिलाफ देशभर में प्रदर्शन किए। भाजयुमो ने इस घटना को “देश विरोधी कृत्य” बताते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की।
नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कथित विरोध और नारेबाजी को लेकर विवाद खड़ा हुआ था। इसके बाद भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने कई राज्यों की राजधानियों और प्रमुख शहरों में प्रदर्शन कर कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि अंतरराष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में व्यवधान डालना भारत की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कदम है।
दिल्ली में इस मामले में चार लोगों को हिरासत में लिया गया, जिन्हें बाद में अदालत में पेश किया गया। राजधानी की Patiala House Court में मजिस्ट्रेट के सामने सुनवाई हुई। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए और स्थिति को नियंत्रण में रखा गया।
इस मुद्दे पर भाजपा की वरिष्ठ नेता Smriti Irani ने भी कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों में व्यवधान डालना न केवल लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ है, बल्कि देश की अंतरराष्ट्रीय साख पर भी असर डालता है। उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक स्पष्टीकरण की मांग की।
वहीं कांग्रेस की ओर से आरोपों को खारिज करते हुए कहा गया कि शांतिपूर्ण विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है और इसे “देश विरोधी” करार देना अनुचित है। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि उनके कार्यकर्ताओं ने किसी भी तरह की हिंसा या अव्यवस्था में भाग नहीं लिया।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह विवाद आने वाले चुनावी माहौल को और अधिक गर्म कर सकता है। एआई समिट जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों के दौरान सुरक्षा और राजनीतिक संवेदनशीलता दोनों बढ़ जाती हैं, ऐसे में छोटी घटनाएं भी बड़े राजनीतिक मुद्दों का रूप ले लेती हैं।
देशभर में हुए प्रदर्शनों के दौरान कई स्थानों पर ज्ञापन सौंपे गए और प्रशासन से जांच की मांग की गई। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और वीडियो फुटेज के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही जा रही है।
कुल मिलाकर, एआई समिट से जुड़ा यह विवाद राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का नया अध्याय बन गया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और बयानबाजी और राजनीतिक गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कथित विरोध और नारेबाजी को लेकर विवाद खड़ा हुआ था। इसके बाद भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने कई राज्यों की राजधानियों और प्रमुख शहरों में प्रदर्शन कर कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि अंतरराष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में व्यवधान डालना भारत की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कदम है।
दिल्ली में इस मामले में चार लोगों को हिरासत में लिया गया, जिन्हें बाद में अदालत में पेश किया गया। राजधानी की Patiala House Court में मजिस्ट्रेट के सामने सुनवाई हुई। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए और स्थिति को नियंत्रण में रखा गया।
इस मुद्दे पर भाजपा की वरिष्ठ नेता Smriti Irani ने भी कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों में व्यवधान डालना न केवल लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ है, बल्कि देश की अंतरराष्ट्रीय साख पर भी असर डालता है। उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक स्पष्टीकरण की मांग की।
वहीं कांग्रेस की ओर से आरोपों को खारिज करते हुए कहा गया कि शांतिपूर्ण विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है और इसे “देश विरोधी” करार देना अनुचित है। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि उनके कार्यकर्ताओं ने किसी भी तरह की हिंसा या अव्यवस्था में भाग नहीं लिया।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह विवाद आने वाले चुनावी माहौल को और अधिक गर्म कर सकता है। एआई समिट जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों के दौरान सुरक्षा और राजनीतिक संवेदनशीलता दोनों बढ़ जाती हैं, ऐसे में छोटी घटनाएं भी बड़े राजनीतिक मुद्दों का रूप ले लेती हैं।
देशभर में हुए प्रदर्शनों के दौरान कई स्थानों पर ज्ञापन सौंपे गए और प्रशासन से जांच की मांग की गई। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और वीडियो फुटेज के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही जा रही है।
कुल मिलाकर, एआई समिट से जुड़ा यह विवाद राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का नया अध्याय बन गया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और बयानबाजी और राजनीतिक गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।